अलीपुर गांव में पंचायत विभाग की खाली पड़ी भूमि पर भारत सरकार के राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत प्लास्टिक वुड रिसाइकिलिंग प्लांट बनने जा रहा…
अलीपुर गांव में पंचायत विभाग की खाली पड़ी भूमि पर भारत सरकार के राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत प्लास्टिक वुड रिसाइकिलिंग प्लांट बनने जा रहा है। पंचायती राज विभाग के निदेशक सहित अन्य अधिकारियों ने शनिवार को सर्वे किया है। लगभग 3.75 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले इस प्लांट में सभी प्रकार के निष्प्रयोज्य प्लास्टिक को रिसाइकिल करके प्लास्टिक वुड तैयार किया जाएगा। जो विभिन्न रंग, रूप के आकर्षक होने के साथ ही सस्ते और टिकाऊ भी होंगे। क्योंकि ये टूटेगा नहीं, सड़ेगा और गलेगा भी नहीं। सीलन और कीड़े लगने का खतरा भी नहीं रहेगा।
पूर्व संयुक्त निदेशक डीपी देवराड़ी, सालिड वेस्ट विशेषज्ञ विपिन कुमार ने कहा कि अलीपुर गांव में पंचायत की जमीन पर भारत सरकार के राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत प्लास्टिक वुड रिसाइकिलिंग प्लांट बनाना है। जिसका सर्वे किया गया है। प्लांट लगने से यहां स्थानीय लोगों को रोजगार भी मिलेगा। उन्होंने कहा कि प्लांट बनने के बाद यहां फाटक, डोरबैंड, कुर्सी और अन्य फर्नीचर के कार्यो को भी किया जाएगा।
जिला पंचायत राज अधिकारी रमेश चंद्र त्रिपाठी ने कहा कि पंचायत को दोतरफा लाभ मिलेगा, एक तो प्लास्टिक कूड़ा निस्तारण होने से पर्यावरण प्रदूषण घटेगा फिर आर्थिक आय भी होगी। सर्वे के दौरान हर्ष जैन, एएमए मनवर राणा, जिला पंचायत अभियंता महेश विश्नोई, एडीओ पंचायत राजबीर सिंह, ग्राम प्रधान सुखबीर सिंह आदि शामिल रहे।



